जनवरी 1965 में गुजरात के कंजरकोट इलाके में पाकिस्तानी सेना की हरकतों को देखने के बाद तत्कालीन प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री ने सीमा सुरक्षा के लिए एकल बल के गठन का रास्ता खोल दिया था. तत्कालीन उप-सेना प्रमुख लेफ्टिनेंट जनरल कुमारमंगलम की रिपोर्ट के आधार पर बीएसएफ का ब्लू प्रिंट तैयार हुआ और मध्य प्रदेश के तत्कालीन आईजीपी खुसरो फ़रामुर्ज़ रुस्तमजी ने इस ब्लू प्रिंट को अमलीजामा पहनाया था.
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/ BSF Day: गांव-गांव जाकर ‘रुस्तमजी’ ने किया था जवानों का चयन, जानें कैसा था बीएसएफ का शुरुआती सफर
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