Jharkhand News: संयुक्त राष्ट्र पर्यावरण कार्यक्रम (यूएनईपी) द्वारा वर्ष 2021 में जारी फूड वेस्ट इंडेक्स रिपोर्ट के अनुसार, वर्ष 2019 में उपलब्ध भोजन का 17 प्रतिशत लापरवाहियों के कारण बर्बाद हो गया था; यानी लगभग 69 करोड़ लोगों को खाली पेट सोना पड़ा था. खाद्य और कृषि रिपोर्ट, 2018 में कहा गया है कि भारत में दुनिया के 821 मिलियन कुपोषित लोगों में से 195.9 मिलियन लोग रहते हैं, जो दुनिया के भूखे लोगों का लगभग 24% है. मगर इन आंकड़ों से कोई फर्क पड़ता है क्या? झारखंड के न्यू गिरिडीह स्टेशन पर जो दृश्य देखने को मिला है, कम से कम इससे तो नहीं लगता!
from Latest News देश News18 हिंदी https://ift.tt/MrPT0AH
Home / देश
/ झारखंड: न्यू गिरिडीह रेलवे स्टेशन पर चावल की सैकड़ों बोरियां भींगकर बर्बाद; मगर जवाबदेह कोई नहीं?
सदस्यता लें
टिप्पणियाँ भेजें
(
Atom
)
विशिष्ट पोस्ट
ईरान युद्ध का असर अब दवाओं पर! पैरासिटामोल से लेकर जरूरी दवाएं हो सकती हैं महंगी
भारत में दवाओं की कीमतें जल्द बढ़ सकती हैं. इसका कारण कुछ और नहीं, बल्कि ईरान में चल रही जंग है. दवा मैन्युफैक्चरिंग में इस्तेमाल होने वाले ...
0 Comments:
एक टिप्पणी भेजें